Astrology : कुंडली में जब हो ‘गुरु चांडाल’ योग तो नहीं बनते हैं काम, कैसे बनता है ये योग जानकार रह जाएगें हैरान

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Astrology, guru chandal yog, Jupiter and Rahu Conjunction : ज्योतिष शास्त्र में शुभ योगों के साथ अशुभ योगों के बारे में भी बताया गया है. जिस प्रकार से कुंडली में मौजूद शुभ योग मनुष्य के जीवन में खुशियां भरने का काम करते हैं. सफलता प्रदान करते हैं, वहीं अशुभ ग्रह दुख, कष्ट, बाधा, परेशान और असफलता प्रदान करने में अहम भूमिका निभाते हैं. इसलिए इन अशुभ योगों को लेकर सावधान रहना चाहिए. कुंडली में यदि कोई अशुभ योग है तो उसकी शांति और निवारण अवश्य करना चाहिए.

ज्योतिष शास्त्र में जिन अशुभ योगों की चर्चा की गई है, उसमे से एक है ‘गुरु चांडाल’ योग. इस योग को अत्यंत अशुभ योग मना गया है. जिस व्यक्ति की कुंडली में ‘गुरु चांडाल’ योग पाया जाता है. उसे जीवन में छोटी-छोटी चीजों के लिए भी संघर्ष करना पड़ता है. समस्याएं आने पर आसानी से नहीं जाती हैं. मानसिक तनाव, भ्रम की स्थिति सदैव बनी रहती है. व्यक्ति को एक अज्ञात हमेशा बना रहता है. जिस कारण वो अपनी प्रतिभा का पूर्ण लाभ नहीं उठा पाता है.

गुरु चांडाल योग
गुरु चांडाल योग के चलते शिक्षा, जॉब, बिजनेस, शादी विवाह आदि में बाधाओं का सामना करना पड़ता है. इसलिए इस अशुभ योग का उपाय जरुरी हो जाता है.

गुरु चांडाल योग का उपाय
ज्योतिष शास्त्र में गुरु चांडाल योग से बचाव के उपाय भी बताए गए हैं. इन उपायों को अपना कर इस अशुभ योग से बचा जा सकता है. ‘गुरु चांडाल’ योग के प्रभाव को कम करने के लिए गुरुजनों का आर्शीवाद प्राप्त करना चाहिए. उनका आदर करना चाहिए. इसके साथ ही बड़े भाई, बॉस, उच्च पदों पर आसीन व्यक्ति को भी सम्मान प्रदान करना चाहिए. गुरुवार को भगवान विष्णु की पूजा करने से भी गुरु चांडाल योग का प्रभाव दूर होता है. राहु के मंत्रों का जाप करना चाहिए –

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